वो चैन से बैठकर बात करना अब कहा नसीब होता है…

फुर्सत के कुछ पल मिलना जैसे मुश्किल सा हो गया है…

अब तो बस भागदौड़ है ज़िन्दगी में…

इंसान के पास खुद के लिए अब समय ही कहा होता है…

Deepali Jain